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Ramayana Part 3 : Aranyakand
Ramayana Part 3 : Aranyakand
16:9 Cinematic View
श्लोक संख्या 1
Ramayana Part 3 : Aranyakand • अध्याय H2b12ZWh9IgmRw9xuO3F
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मायावी स्वर्णमृग रूपी मारीच का वध करके जब श्री राम आश्रम की ओर लौटने लगे, तो मार्ग में उन्हें अनेक भयंकर अपशकुन दिखाई देने लगे। पीछे की ओर से एक सियारिन अत्यंत कठोर और डरावने स्वर में रोने लगी। सियारिन की अमंगलकारी बोली सुनकर श्री राम का मन अज्ञात भय और गहरी चिंता में डूब गया। उनकी बायीं आँख और बायीं भुजा बार-बार फड़कने लगी।

सनातन ज्ञान धारा • Timeless Spiritual Guidanceकृतान्त शास्त्र संग्रह
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